देहरादून, खबर न्यू इंडिया (न्यूज़ डेस्क) । प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष करन माहरा ने मोदी सरकार की अग्निपथ योजना को भारतीय सेना में सेवा करने का सपना देखने वाले युवाओं के साथ धोखा तथा भारत की सुरक्षा तथा युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड बताते हुए कहा कि मोदी सरकार हिटलरशाही तरीके से सत्ता के जोर पर देश की जनता पर उलूल-जुलूल फैसले लाद रही है। जिस प्रकार पहले गरीब जनता पर नोटबंदी, व्यापारियों पर जी.एस.टी. किसानों पर काले कानून लादे गये अब युवाओं पर अग्निपथ योजना लादी जा रही है। कांग्रेस पार्टी द्वारा मोदी सरकार की अग्निपथ योजना के विरोध में पूरे देश में विधानसभा स्तर पर विरोध स्वरूप एक दिवसीय सत्याग्रह कार्यक्रम आयोजित किये गये।सत्याग्रह कार्यक्रम के तहत उत्तराखण्ड प्रदेश में प्रदेश अध्यक्ष करन माहरा के निर्देश पर प्रदेश की सभी 70 विधानसभा क्षेत्रों में एक दिवसीय सत्याग्रह कार्यक्रम आयोजित किये गये जिनका नेतृत्व सम्बन्धित विधानसभा क्षेत्र के विधायकगणों, पूर्व विधायकगणों एवं 2022 के पार्टी प्रत्याशियों द्वारा किया गया। इसी कार्यक्रम के तहत देहरादून जनपद में भी विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में सत्याग्रह आयोजित किये गये तथा स्वयं प्रदेश अध्यक्ष करन माहरा ने राजपुर विधानसभा क्षेत्र के अन्तर्गत गांधी पार्क में आयोजित सत्याग्रह कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। सत्याग्रहण कार्यक्रम का संचालन महानगर अध्यक्ष लालचन्द शर्मा ने किया।
करन माहरा ने कहा कि मोदी सरकार की अग्निपथ योजना सशस्त्र बलों की लम्बे समय से चली आ रही परम्पराओं और लोकाचार को नष्ट करने तथा उनके मनोबल को तोडने की कार्रवाई तो है ही देश की सुरक्षा के साथ भी खिलवाड है। उन्होंने कहा कि चार साल की सेना में सेवा के बाद देश का युवा खालीहाथ अपने घर लौटेगा। अग्निपथ योजना को देश के युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड बताते हुए उन्होंने कहा कि मोदी सरकार द्वारा अग्निपथ योजना की घोषणा के शीघ्र बाद उत्तराखण्ड सहित पूरे देश में व्यापक स्तर पर विरोध हो रहा है तथा सशस्त्र बलों में भर्ती हो कर देश की सेवा का सपना देख रहे देश के युवा बेरोजगार नौजवानों में भारी आक्रोश है। पूर्व विधायक राजकुमार ने कहा कि कांग्रेस पार्टी ने राष्ट्रहितों की रक्षा तथा सेना की गौरवपूर्ण विरासत को लेकर पहले दिन से ही इस योजना का व्यापक स्तर पर विरोध किया है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी राष्ट्रहित में सशस्त्रबलों के मनोबल को तोडने वाली अग्निपथ योजना का विरोध सडक से लेकर सदन तक करती रहेगी।